GST के बारे में फैलाये जा रहे इन दस झूठों से बचें

gst-related-10-myths-and-realities-3

GST 1 जुलाई से लागू हो चूका है जिसके चलते विपक्ष और टैक्स चोर तरह तरह की अफवाहे फैला रहे है | देश में दो व्यापार ऐसे हैं जो लगभग बिना बिल के ही चलते हैं एक सोने का दूसरा कपडे का आप जितने का मर्जी सोना लें या फिर कपडा लें लगभग कोई दूकान दार उसका बिल आपको नहीं देता और यह 70 साल से ऐसे ही चलता आ रहा हैं | अब GST आने के बाद उसे बिल काटना ही पड़ेगा नहीं तो उसके खुद का नुक्सान होगा इसलिए इसका विरोध सोनार और कपडा व्यापार से जुड़े लोग ही कर रहे हैं |




पहला झूठ : सभी बिल कंप्यूटर के माध्यम से बनाना जरूरी होगा |
सत्य : ऐसा बिलकुल जरुरी नहीं है आप बिल को मैन्युअली भी बना सकते है |

दूसरा झूठ : GST के अंतरगत कारोबार करने के लिए हर समय इंटरनेट की आवश्यकता पड़ेगी |
सत्य : आपको सिर्फ महीने के अंत में रिटर्न फाइल करने के दौरान इंटरनेट की आवश्यकता पड़ेगी |

तीसरा झूठ : छोटे डीलर्स को भी हर रिटर्न में एक-एक बिल की सारी जानकारी देनी होगी |
सत्य : जो भी लोग खुदरा व्यापार में है (B2C बिजनेस टू कंज्यूमर) उन्हें कुल बिक्री का सारांश ही देना होगा |

gst-related-10-myths-and-realities-2

चौथा झूठ : GST की दर पहले दिए जाने वाले टैक्सेज से ज्यादा है |
सत्य : यह सत्य नहीं है पहले लगभग 17 प्रकार के अलग अलग टैक्स लगाए जाते थे जिसे उस कंपनी उत्पाद की मैनुफैक्चरिंग में जोड़ देती थी | अब GST के कारण सभी टैक्स का एक टैक्स बना दिया गया है जिससे आपको यह ज्यादा लग रहा होगा |

पांचवा झूठ : अगर आपके पास प्रोवोजिनल आईडी होगी तो आपको व्यवसाय शुरू करने के लिए फाइनल आईडी की जरुरत पड़ेगी |
सत्य : प्रोवोजिनल आईडी ही आपका GST नंबर है जिसके सहारे आप अपना व्यापार आराम से कर सकते है |

छठा झूठ : आपके व्यापार को पहले सरकार की तरफ से छूट मिली हुई थी लेकिन अब व्यापार शुरू करते ही आपको पहले रजिस्ट्रेशन करवाना होगा |
सत्य : आप व्यापार शुरू करने के एक महीने के अंदर रजिस्ट्रेशन करवा सकते है |

सातवा झूठ : हर महीने 3 यानी साल में 36 रिटर्न भरने होंगे |
सत्य : रिटर्न 1 ही है जिसे 3 भागो में बांटा गया है | आपको महीने के आखिर में 1 ही रिटर्न भरना है बाकी के 2 अपने आप सिस्टम में अपडेट हो जाया करेंगे |

Watch promo on GST – Single Tax, Simple Tax and Transparent Tax. #GSTForCommonMan

Posted by Bharatiya Janata Party (BJP) on Monday, 3 July 2017

आठवां झूठ : एक वीडियो फैलाई जा रही हैं जिसमें मोदी जी ने 2011 में कहा था की GST कभी सफल नहीं हो सकता |
सत्य : अगर आप पूरी वीडियो देखेंगे तो आपको पता चलेगा की मोदी जी 2011 में कहा था जब तक हमारे देश का आई.टी. विभाग सक्षम नहीं होता तब तक GST सफल नहीं होगा | इस वक़्त दुनिया भर में भारत आई.टी रैंक में नंबर 1 की पोसिशन बनाये हुए है |

नौवां झूठ : मोदी जी ने 14% GST का विरोध किया और फिर सत्ता में आकर 28% GST ले आये |
सत्य : आपको बता दे की 28% GST केवल लक्ज़री या बहुत ज्यादा महंगे प्रोडक्ट्स पर हैं | अगर 14% GST लगाई जाती तो जिन चीजों को कोई गरीब तो क्या मिडिल क्लास फैमली भी नहीं खरीद पाती जैसे विदेशी कार, महंगी बाइक, महंगी घड़ियां, आदि भी 12% में आ जाते और दूध, आटा, दालें आदि सब 12% पर हो जाता | GST को अलग अलग 5 स्लैबों में बांटकर गरीबो और मध्य वर्ग के लोगो का ध्यान रखा है 0%, 5%, 12%, 18% और 28% है | सीधी बात करे तो जिसके पास ज्यादा पैसे है उससे ज्यादा टैक्स वसूला जायेगा |

दसवां झूठ : GST को सबसे पहले मनमोहन सिंह की सरकार लेकर आयी थी |
सत्य : GST के कानून की नींव 17 साल पहले वाजपेयी जी की सरकार ने रखी थी लेकिन संसद में तब इस कानून को बहुमत हासिल नहीं हुआ था |

Facebooktwittergoogle_pluspinterestlinkedintumblrmailFacebooktwittergoogle_pluspinterestlinkedintumblrmailby feather

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *